मारकुस 9:23-24 “ईसा ने उस से कहा, ’’यदि आप कुछ कर सकें! विश्वास करने वाले के लिए सब कुछ सम्भव है।’’ (24) इस पर लड़के के पिता ने पुकार कर कहा, ’’मैं विश्वास करता हूँ, मेरे अल्प विश्वास की कमी पूरी कीजिए’’।
लूकस 7:1-10 “जनता को अपने ये उपदेश सुनाने के बाद ईसा कफ़रनाहूम आये। (2) वहाँ एक शतपति का अत्यन्त प्रिय नौकर किसी रोग से मर रहा था। (3) शतपति ने ईसा की चर्चा सुनी थी; इसलिए उसने यहूदियों के कुछ प्रतिष्ठित नागरिकों को ईसा के पास यह निवेदन करने के लिए भेजा कि आप आ कर मेरे नौकर को बचायें। (4) वे ईसा के पास आ कर आग्रह के साथ यह कहते हुए उन से विनय करते रहे, ’’वह शतपति इस योग्य है कि आप उसके लिए ऐसा करें। (5) वह हमारे राष्ट्र से प्रेम करता है और उसी ने हमारे लिए सभागृह बनवाया।’’ (6) ईसा उनके साथ चले। वे उसके घर के निकट पहुँचे ही थे कि शतपति ने मित्रों द्वारा ईसा के पास यह कहला भेजा, ’’प्रभु! आप कष्ट न करें, क्योंकि मैं इस योग्य नहीं हूँ कि आप मेरे यहाँ आयें। (7) इसलिए मैने अपने को इस योग्य नहीं समझा कि आपके पास आऊँ। आप एक ही शब्द कह दीजिए और मेरा नौकर चंगा हो जायेगा। (8) मैं एक छोटा-सा अधिकारी हूँ। मेरे अधीन सिपाही रहते हैं। जब मैं एक से कहता हूँ- ’जाओ’, तो वह जाता है और दूसरे से- ’आओ’, तो वह आता है और अपने नौकर से-’यह करो’, तो वह यह करता है।’’ (9) ईसा यह सुन कर चकित हो गये और उन्होंने पीछे आते हुए लोगों की ओर मुड़ कर कहा, ’’मै तुम लोगों से कहता हूँ- इस्राएल में भी मैंने इतना दृढ़ विश्वास नहीं पाया’’। (10) और भेजे हुए लोगों ने घर लौट कर रोगी नौकर को भला-चंगा पाया।“
प्रेरित-चरित 16:31 “आप प्रभु ईसा में विश्वास कीजिए, तो आप को और आपके परिवार को मुक्ति प्राप्त होगी’’।
मारकुस 5:34 येसु ने बारह साल से रक्तस्राव से पीडित स्त्री से कहा, ’’बेटी! तुम्हारे विश्वास ने तुम्हें चंगा कर दिया है। शान्ति प्राप्त कर जाओ और अपने रोग से मुक्त रहो।’’
मत्ती 21:21-22 “ईसा ने उन्हें उत्तर दिया, ’’मैं तुम लोगों से यह कहता हूँ- यदि तुम्हें विश्वास हो और तुम संदेह न करो, तो तुम न केवल वह करोगे, जो मैं अंजीर के पेड़ के साथ कर चुका हूँ, बल्कि यदि तुम इस पहाड़ से यह कहो - ’उठ, समुद्र में गिर जा’, तो वैसा ही हो जायेगा। और जो कुछ तुम विश्वास के साथ प्रार्थना में माँगोगे, वह तुम्हें मिल जायेगा।’’
मारकुस 10:52 येसु ने बेरतिमियुस से कहा, ’’जाओ, तुम्हारे विश्वास ने तुम्हारा उद्धार किया है’’।
लूकस 17:19 येसु ने कुष्ठरोगी से कहा, “उठो, जाओ। तुम्हारे विश्वास ने तुम्हारा उद्धार किया है।’’
लूकस 7:50 येसु ने पापिनी स्त्री से कहा, “’तुम्हारे विश्वास ने तुम्हारा उद्धार किया है। शान्ति प्राप्त कर जाओ।’’
संत थॉमस अक्वीनस कहते हैं: “जो विश्वास करता है, उसे किसी स्पष्टीकरण की ज़रूरत नहीं; जो विश्वास नहीं करता है, उस के लिए कोई स्पष्टीकरण संभव नहीं है।“