
एलियस ने अहाब से कहा, "आप खाने-पीने जाइए, क्योंकि भारी वर्षा की आवाज आ रही है।" अहाब खाने-पीने गया और एलियस कारमेल पर्वत की चोटी पर चढ़ा। वहाँ वह भूमि पर झुक गया और घुटनों के बीच सिर गड़ाये बैठा रहा। उसने अपने नौकर से कहा, "जा कर समुद्र की ओर देखो।" उसने जा कर देखा और कहा, "कुछ भी नहीं दिखाई पड़ रहा है।" एलियस ने उसे सात बार देखने भेजा। सातवीं बार नौकर ने कहा, "मनुष्य की हथेली के बराबर एक छोटा-सा बादल समुद्र पर से उठ रहा है।" एलियस ने कहा, "अहाब के पास जा कर कहो कि वह रथ तैयार कर चला जाये, नहीं तो वर्षा उसे रोक रखेगी।" इस बीच आकाश बादलों से काला हो गया, आँधी चलने लगी और भारी वर्षा हुई। अहाब रथ पर चढ़ कर यिज्रएल चला गया। प्रभु की प्रेरणा से एलियस कमर कस कर यिज्रएल तक अहाब के आगे-आगे दौड़ता रहा।
प्रभु की वाणी।
अनुवाक्य : हे ईश्वर ! सियोन में तेरा स्तुतिगान हमारे लिए उचित है।
1. तू पृथ्वी की सुधि लेता है, तू उसे सींचता और उपज से भर देता है। ईश्वर की नदियाँ उमड़ती और पृथ्वी को उपजाऊ बना देती हैं।
2. तू जोती हुई भूमि सींचता, उसे बराबर करता, पानी बरसा कर नरम बनाता और उसके अंकुरों को आशिष देता है-इस प्रकार तू भूमि का संभरण करता है।
3. तू वर्ष भर वरदान देता रहता है, तेरी प्रजा की भूमि उप जाऊ है, मरुभूमि के चरागाह हरे-भरे हैं। पहाड़ियों में आनन्द के गीत गूंजते रहते हैं।
अल्लेलूया ! प्रभु कहते हैं, "मैं तुम लोगों को एक नयी आज्ञा देता हूँ- मैंने जैसे तुम लोगों को प्यार किया है, वैसे तुम भी एक दूसरे को प्यार करो।" अल्लेलूया !
येसु ने अपने शिष्यों से कहा, "मैं तुम लोगों से कहता हूँ- यदि तुम्हारी धार्मिकता शास्त्रियों और फ़रीसियों की धार्मिकता से गहरी नहीं हुई, तो तुम स्वर्गराज्य में प्रवेश नहीं करोगे।" "तुम लोगों ने सुना है कि पूर्वजों से कहा गया है- हत्या मत करो - यदि कोई हत्या करे, तो वह कचहरी में दण्ड के योग्य ठहराया जायेगा। परन्तु मैं तुम से कहे देता हूँ जो अपने भाई पर क्रोध करता है, वह कचहरी में दण्ड के योग्य ठहराया जायेगा। यदि वह अपने भाई से कहे, 'रे मूर्ख !' तो वह महासभा में दण्ड के योग्य ठहराया जायेगा। और यदि वह कहे, 'रे नास्तिक !' तो वह नरक की आग के योग्य ठहराया जायेगा।" "जब तुम वेदी पर अपनी भेंट चढ़ा रहे हो और तुम्हें वहाँ याद आये कि मेरे भाई को मुझ से कोई शिकायत है, तो अपनी भेंट वहीं वेदी के सामने छोड़ कर पहले अपने भाई से मेल करने जाओ और तब आ कर अपनी भेंट चढ़ाओ।" "कचहरी जाते समय रास्ते में ही अपने मुद्दई से समझौता कर लो। कहीं ऐसा न हो कि वह तुम्हें न्यायकर्त्ता के हवाले कर दे, न्यायकर्त्ता तुम्हें प्यादे के हवाले कर दे और प्यादा तुम्हें बंदीगृह में डाल दे। मैं तुम से कहे देता हूँ- जब तक कौड़ी-कौड़ी न चुका दोगे, तब तक वहाँ से नहीं निकल पाओगे।"
प्रभु का सुसमाचार।
शराब, धूम्रपान या कोई भी नषीला पदार्थ मनुष्य के लिए हानिकारक है, जो इनका सेवन करता है वह स्वयं अपने शरीर और जीवन को हानि पहुॅंचाता है। ठीक इसी प्रकार क्रोध भी कार्य करता है। क्रोध सामने वाले मनुष्य के लिए ही नहीं परंतु जो क्रोध करता है उसे और भी अधिक हानि पहुॅंचाता है। प्रभु येसु हत्या से अधिक क्रोध की गंभीरता को प्रकाषित करते हैं। क्रोध से हमारा रिष्ता टूट जाता है जो हमारे मन और जीवन को अषांत एवं अपवित्रता से भर देता है। हम प्रभु से प्रार्थना करें कि हम सभी से मेल मिलाप करते हुए जीवन बिताएॅं।
✍ - फादर डेन्नीस तिग्गा
Drinking, smoking or taking any intoxicating substance is harmful to human beings; the one who consumes them harms his own body and life. Similarly the anger also works. Anger harms not only to the person in front, but it harms even more to the one who is angry. Lord Jesus illuminates the severity of anger more than murder. Anger breaks our relationship which fills our mind and life with turmoil and impurity. Let us pray to the Lord that we all live a life of reconciliation with every one.
✍ -Fr. Dennis Tigga